मेहनत - एक कविता। Work - A Poem

 मेहनत 


मेहनत - एक कविता। Work - A Poem


आगे बढ़ने का चाहत है 

कुछ बड़ा करने का हौसला है,

मंजिल बहुत ऊंचा है 

तो मेहनत जादा होनेवाला है। 


हर कामयाबी के पीछे 

बहुत मेहनत होता है,

 कामयाब इंसानका जीवन देखो 

पाता चलेगा तुझे

 वह कितना कष्ट किया है!

 कितना कठिन मेहनत किया है

 तब मिला है उसे कामयाबी

 जीवन में आया है खुशी। 


सोचो कभी 

वह क्यों कामयाब और तुम नहीं,

 उत्तर सिर्फ एक है 

वह मेहनत किया और तुम नहीं!


अब बारी है तुम्हारे 

मिलेगा खुशी बहुत सारे,

पर बताना पड़ेगा तुम्हें 

तुम इसके लायक हो,

 इसलिए

 आजसे ही मेहनत करना शुरू करो।


पढ़िए अगला कविता (अच्छे दिन)
पढ़िए पिछला कविता (पैसा)

मेहनत - एक कविता। Work - A Poem


Comments